
श्रीगंगानगर । कचरा प्रबंधन प्लांट शुरू करने को लेकर विवाद हो गया है। राजस्थान हाईकोर्ट जोधपुर ने 31 मार्च तक प्लांट लगाने का कार्य शुरू करने और रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए थे। लेकिन अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो सका कि प्लांट कहां और कब लगेगा। अब कचरा प्लांट हटाने और लगाने के पक्ष में दो ग्राम पंचायतें आमने-सामने हो गई हैं।
नेतेवाला ग्राम पंचायत के चक 1 जी और 6 जेड के लोग आमने सामने हैं।
इससे पहले शुक्रवार शाम को भाजपा के पूर्व सभापति अशोक चांडक ने जिला कलेक्टर कार्यालय के बाहर अपने नेतेवाला ग्राम पंचायत के चक 1 जी समर्थकों के साथ विरोध-प्रदर्शन किया था। उन्होंने कहा था कि 6 जेड धरना स्थल पर विरोध करने वालों को जूते मारने चाहिए। इसके आज बाद शनिवार को पुलिस कार्रवाई हुई।
1. दो ग्राम पंचायतें आमने-सामने: प्रस्तावित प्लांट नेतेवाला ग्राम पंचायत के चक 1 जी छोटी में लगाना था, जहां हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद ग्रामीणों ने कई बार विरोध प्रदर्शन किया। वे प्लांट नहीं लगने दे रहे। ग्रामीणों का कहना है- इससे उनकी खेती-किसानी, मिट्टी, पानी और हवा प्रभावित होगी।
2. डंपिंग पॉइंट का विरोध: दूसरी ओर, चक 6 जेड और 10 जेड के ग्रामीण 14 दिनों से धरने पर डटे हुए हैं। 6 जेड के लोग शहर का कचरा डंपिंग पॉइंट पर ले जाने नहीं दे रहे। जिससे शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह बिगड़ गई है। शनिवार दोपहर को प्रशासन ने सख्ती बरती।
3. टेंट उखाड़ा: 6 जेड पर धरना दे रहे दो दर्जन से अधिक ग्रामीणों को पुलिस ने धरनास्थल से तितर-बितर कर दिया। प्रदर्शनकारियों को पुरानी आबादी थाने ले जाया गया, जबकि धरनास्थल पर लगा उनका टेंट उखाड़ दिया गया। इसके तुरंत बाद शहर का कचरा 6 जेड में डंपिंग शुरू करवा दिया गया और घर-घर कचरा संग्रहण करने वाली गाड़ियां भी पहुंच गईं।
भाजपा नेता के इशारे पर काम करने का आरोप
धरनास्थल पर बैठे ग्रामीणों ने पुलिस पर जबरदस्ती और बदतमीजी का आरोप लगाया। ग्रामीणों ने कहा- महिलाओं के साथ धक्का-मुक्की की गई और उन्हें जबरन थाने ले जाया गया। वे हाईकोर्ट के आदेशों की पालना कर रहे थे, लेकिन प्रशासन उनके साथ जबरदस्ती कर रहा है। ग्रामीणों ने पुलिस पर भाजपा के कुछ नेताओं के इशारे पर काम करने का भी आरोप लगाया।
